बाल मज़दूरी एक्ट को ठेंगा : छोटे-छोटे बच्चों से हल्वाई करवा रहे मज़दूरी,

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बरनाला, 28 नवम्बर (अखिलेस बंसल/विपन गुप्ता ) देश की माननीय सर्वोच्य न्यायालय एवं राष्ट्रीय कानूनी सेवाएं अथार्टी नयी दिल्ली के दिशा-निर्देशों के चलते हालांकि बाल मजदूरी पर अंकुश लगाने
के लिए जज साहिबानों द्वारा किए जा चुके ग्राऊंड वर्क को कुछ वर्ग टिच जानते आ रहे हैं। जिनमें हल्वाई वर्ग ने तो आदेशों को मानने से इनकार ही कर दिया है। जो छोटे-छोटे बच्चों से दुकानों पर मज़दूरी करवा रहे हैं।
जागरूक पाठकों ने भेजी तस्वीरें:- समाचार पत्र के हमारे जागरूक पाठकों ने बाल मजदूरी एक्ट की उलंघना करने से जुड़े मामले की ताजा तस्वीरें भेजी हैं। जिनके द्वारा बताया गया है कि बरनाला के हल्वाई छोटे-छोटे 12/13 साल के बच्चों से दुकानों पर मज़दूरी करवा रहे हैं। पाठकों ने यह भी बताया कि बाल मजदूरी करवा रहे दुकान के मालिक/हल्वाई को उन्होंने कानून की जानकारी भी दी। जिसको लेकर हल्वाई का जवाब था कि जब बच्चों ने समोसे खाने हों तो वो कुछ समय के लिए मजदूरी करने चले आते हैं। जिससे जाहिर है कि शहर के हल्वाई बच्चों को पूरा मेहनताना भी नहीं दे रहे।
इसी महीने हुआ था कनेक्टिंग-टू-सर्वे:-जिला कानूनी सेवाएं अथार्टी के पदाधिकारियों व जजों द्वारा 9 नवम्बर को सेवा के लिए जोड़ो (कनेक्टिंग-टू-सर्वे) मुहिम का रैली का आयोजन किया था। जिसे हरी झंडी देने की रस्म जिला व सेशन जज सुखदेव सिंह, चीफ जुडीशियल मैजिस्ट्रेट पी.एस.कालेका, जिला पुलिस मुखी हरजीत सिंह आईपीसीएस ने की थी। जिसमें जिला फैमिली कोर्ट के जज अजायब सिंह, एडीशनल जिला व सेशन जज बलजिन्दर सिंह सरां, एडीशनल सिविल जज (उपमंडल) जरनैल सिंह, सीजेएम
गुरप्रताप सिंह, एडीशनल सिविल जज (सब-डिवी.) रंजीव पाल सिंह चीमा, सिविल जज (जुनि. डिवी.) श्रीमति कुलविन्दर कौर एवं विभिन्न शिक्षण संस्थानों के छात्र-छात्राओं के इलावा समाजसेवी संगठनों के प्रतिनिधीयों ने भी भाग लिया था। उक्त रैली के दौरान सडक़ों व दुकानों पर मजदूरी करते हुए बाल
मजदूरों को देख जज साहिबान दंग रह गए थे। जिसको लेकर जज साहिबानों ने संबंधित अधिकारियों को दुकानदारों पर कड़ी नज़र रखने के दिशा-निर्देश जारी किए थे।
यह कहते हैं अधिकारी:-डिप्टी कमिशनर श्री घणश्याम थोरी का कहना है कि किसी भी वर्ग को ना तो
कानून की उलंघना करने की इजाजत है और ना ही किसी वर्ग को छोटे छोटे बच्चों से मजूरी करवाने की इजाजत दी जाएगी। जहां भी कोई व्यापारी/हल्वाई/दुकानदार/फैक्ट्री मालिक ऐसा करता दिखाई दिया उसके खिलाफबाल मजदूरी से संबंधित एक्ट के तहत कार्यवायी की जाएगी।